News UDI | गढ़वा : झारखंड के गढ़वा जिले में एक ऐसी वारदात सामने आई है, जिसने मानवता को झकझोर कर रख दिया है। एक तरफ शादी की शहनाइयां गूंज रही थीं, तो दूसरी तरफ एक दरिंदा झाड़ियों में घात लगाए बैठा था। पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और घटनास्थल पर छूटी एक लाल चप्पल के जरिए उस गुमनाम कातिल को दबोच लिया है, जिसने एक 17 वर्षीय किशोरी की अस्मत लूटने के बाद उसकी बेरहमी से गला दबाकर हत्या कर दी थी ।
600 लोगों से पूछताछ और 200 कॉल रिकॉर्ड्स का जाल
घटना की गुत्थी सुलझाने के लिए पुलिस ने चक्रव्यूह तैयार किया। रंका के अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (SDPO) रोहित रंजन सिंह के नेतृत्व में गठित SIT ने ग्राम-मरदा (थाना भंडरिया) के सभी बारातियों सहित कसमार, हरहे, कुटी, उदयपुर, फकीराडीह, रमकण्डा और रामगढ़ जैसे गांवों के करीब 600 लोगों से सघन पूछताछ की । तकनीकी शाखा की मदद से 200 संदिग्ध मोबाइल नंबरों के कॉल रिकॉर्ड्स खंगाले गए । अंततः, घटनास्थल के पास मिली एक संदिग्ध चप्पल ने पुलिस को कातिल धर्मेन्द्र सिंह तक पहुँचा दिया ।
शादी की खुशियों के बीच बिछाया मौत का जाल
मृतका दिनांक 21 फरवरी 2026 को ग्राम कसमार में शिवनाथ सिंह की बेटी की शादी में अपनी माँ और छोटी बहन के साथ शामिल होने आई थी । रात करीब 12:30 बजे जब वह शौच के लिए घर के पीछे गई, तभी आरोपी धर्मेन्द्र सिंह (27 वर्ष) ने उसे गलत नीयत से दौड़ाना शुरू कर दिया ।
हैवानियत की रूह कंपा देने वाली दास्तां
आरोपी ने पूछताछ में स्वीकार किया कि भागते समय युवती रास्ते में गिर गई थी । जब उसने चिल्लाने की कोशिश की, तो आरोपी ने पहले उसके मुंह में हाथ डाला और फिर युवती के ही कपड़े से उसका मुंह बंद कर गला दबाकर उसे अधमरा कर दिया । इसके बाद वह उसे उठाकर पास के गोपाल सिंह के अरहर के खेत में ले गया, जहाँ दुष्कर्म की वारदात को अंजाम देने के बाद गला दबाकर उसकी हत्या कर दी । 23 फरवरी को खेत से युवती का अर्धनग्न शव बरामद हुआ था ।
सलाखों के पीछे दरिंदा : बरामदगी की सूची
पुलिस ने आरोपी धर्मेन्द्र सिंह (पिता-सुकन सिंह, ग्राम-गोबरदाहा, वर्तमान निवासी-कसमार) को गिरफ्तार कर लिया है । पुलिस ने मौके से निम्नलिखित सामान बरामद किया है:
- मृतका का सैंडल
- अभियुक्त की लाल रंग की हवाई चप्पल
कानूनी कार्रवाई और SIT टीम
रमकण्डा थाना में इस संबंध में कांड संख्या-09/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 66/70(2)/96/103(1)/3(5) और 4/6 पोक्सो (POCSO) एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है ।
सफल उद्भेदन करने वाली SIT टीम: इस मिशन को अंजाम देने वालों में SDPO रोहित रंजन सिंह, पुलिस निरीक्षक अभिजीत कुमार गौतम, थाना प्रभारी सुरेन्द्र सिंह कुंटिया, रवि कुमार पटेल, सतीश कुमार राम, राजेश कुमार, रोहित कुमार पासवान, सुरेन्द्र कुमार, मानिक कुमार, कंचन धोबी, विध्यांचल शर्मा और आरक्षी शंकर राम सहित सशस्त्र बल शामिल थे ।








