News UDI | गढ़वा : गढ़वा जिले के भवनाथपुर थाना अंतर्गत हरिहरपुर ओपी क्षेत्र में जमीन के मामूली विवाद ने शनिवार की देर रात एक भयावह रूप अख्तियार कर लिया। मझिगावां गांव के भेलवाखाड़ी टोला में सड़क निर्माण को लेकर उपजा विवाद देर रात खूनी संघर्ष में बदल गया, जिसमें 50 वर्षीय जोखन राम की जान चली गई। इस हिंसक झड़प में आधा दर्जन लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं, जिसके बाद पूरे इलाके में दहशत और तनाव का माहौल व्याप्त है।
विवाद की जड़ : मनरेगा सड़क और ‘जमीनी कब्जा’

जानकारी के अनुसार, भेलवाखाड़ी टोला में मनरेगा योजना के तहत शिव राम के घर से रामध्यान राम के घर तक मिट्टी-मोरम सड़क का निर्माण कराया जा रहा था। इस सड़क के किनारे की जमीन को लेकर रामध्यान राम और उनके पड़ोसी जोखन राम के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था।
बताया जा रहा है कि शुक्रवार को जब जोखन राम एक वैवाहिक कार्यक्रम में बाहर गए थे, तभी कथित तौर पर सड़क निर्माण के बहाने उनकी जमीन पर मिट्टी गिरा दी गई। शनिवार दोपहर जब वे घर लौटे, तो अपनी जमीन पर अतिक्रमण देख उनका पारा चढ़ गया।
आधी रात को हुआ ‘सुनियोजित’ हमला!

दोपहर में शुरू हुई बहसबाजी ने रात 11 बजे विकराल रूप ले लिया। मृतक के परिजनों का आरोप है कि दूसरे पक्ष ने एक सुनियोजित साजिश के तहत लाठी-डंडों और धारदार हथियारों से लैस होकर उन पर हमला बोल दिया।
इस हिंसक हमले में निम्नलिखित लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं :
- संतोषी देवी
- नीतीश कुमार
- बादल कुमार
- आकाश कुमार
- प्रियंका एवं उनके पति
खून से लथपथ अवस्था में सभी घायल रात में ही हरिहरपुर ओपी पहुंचे, जहां से पुलिस ने उन्हें तत्काल अस्पताल भेजा। हालांकि, जोखन राम (50 वर्ष) ने अस्पताल ले जाने के दौरान रास्ते में ही दम तोड़ दिया।
झारखंड पुलिस के जवान समेत कई पर हत्या का आरोप

मृतक के पुत्र नीतीश कुमार ने पुलिस को दिए बयान में इस घटना को सामूहिक हमला करार दिया है। उन्होंने चौंकाने वाला आरोप लगाते हुए कहा कि हमलावरों में सुदीप राम भी शामिल हैं, जो झारखंड पुलिस में हजारीबाग में तैनात हैं। नीतीश ने रामध्यान राम, सुदीप राम, राधेश्याम, चंदन, मुन्ना, सूरज, रंजीत, भीम राम के साथ-साथ डीलर शारदा देवी और आंगनबाड़ी सेविका चंदा देवी पर भी हमले में शामिल होने का आरोप लगाया है।
गांव में तनाव, पुलिस की पैनी नजर

घटना के बाद से मझिगावां गांव में भारी तनाव है। सूचना मिलते ही हरिहरपुर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि :
“शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और आरोपियों की धरपकड़ के लिए छापेमारी जारी है। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि ड्यूटी पर तैनात जवान की इसमें क्या भूमिका थी। किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।”
फिलहाल, पुलिस प्रशासन ने ग्रामीणों से शांति बनाए रखने की अपील की है और एहतियात के तौर पर इलाके में गश्त बढ़ा दी गई है।














