News UDI | गढ़वा : जिले की महत्वाकांक्षी सोन-कनहर परियोजना को गति देने के लिए उपायुक्त-सह-जिला दण्डाधिकारी अनन्य मित्तल ने शुक्रवार को अपने कार्यालय कक्ष में उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की। बैठक में परियोजना की वर्तमान स्थिति का जायजा लेते हुए उपायुक्त ने स्पष्ट किया कि विकास कार्यों में किसी भी तरह की लापरवाही या अनावश्यक देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
कार्यों की गुणवत्ता और समयसीमा पर जोर
बैठक के दौरान उपायुक्त ने परियोजना के विभिन्न चरणों की प्रगति की विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने संबंधित एजेंसी के प्रोजेक्ट मैनेजरों और विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिया कि:
- बाधाओं का समाधान : निर्माण कार्यों में आ रही तकनीकी या जमीनी समस्याओं को तत्काल दूर किया जाए।
- समय सीमा : सभी शेष कार्यों को निर्धारित समयसीमा के भीतर अनिवार्य रूप से पूर्ण किया जाए।
- गुणवत्ता : कार्यों की रफ्तार बढ़ाने के साथ-साथ निर्माण की गुणवत्ता से कोई समझौता न हो।
बेहतर समन्वय की आवश्यकता

उपायुक्त ने कहा कि यह परियोजना क्षेत्र के विकास और आम जनता की सुविधा के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय (Co–ordination) स्थापित करने का निर्देश दिया, ताकि अंतर-विभागीय बाधाओं के कारण कार्य न रुकें।
”सरकार की प्राथमिकता वाली योजनाओं को समय पर पूर्ण करना प्रशासन की सर्वोच्च जिम्मेदारी है। कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग की जाएगी और शिथिलता बरतने वालों पर कार्रवाई होगी।”
— अनन्य मित्तल, उपायुक्त, गढ़वा
बैठक में मुख्य उपस्थिति
इस महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक में अपर समाहर्ता राज महेश्वरम, संबंधित कार्यदायी एजेंसियों के प्रोजेक्ट मैनेजर, विभागीय पदाधिकारी एवं परियोजना से जुड़े अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे। उपायुक्त ने अंत में अधिकारियों को प्रतिबद्धता के साथ लक्ष्य प्राप्ति के निर्देश दिए।














